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प्याज शरीर के लिए अमृत भी है

*_प्याज शरीर के लिए अमृत भी है तो विष भी, जानिए प्याज की स्वाभाविक विशेषताएं_*


प्याज धरती का एक कंद है जो अपनी तामसी गुणों के कारण एक विशेष गंध फैलाता है। प्याज लू, तापाघात सहित अनेकों बीमारियों की रामबाण औषधि भी है । पर प्याज के सेवन के पूर्व जान ले की आप द्वारा सेवन किया जा रहा प्याज वाकई आपके शरीर में लाभ पहुंचा रहा है या हानि।

*ताज़ा कटा प्याज ही खाए*
प्याज हमेशा तुरंत काट कर खाएं.
मानो या ना मानो यह पूर्णतया सत्य है.देर से कटी प्याज का कभी उपयोग ना करें. कटी रखी प्याज दस मिनिट में अपने आस पास के सारे कीटाणु अवशोसित कर लेती है.

यह वेज्ञानिक तौर पर सिद्ध हो चुका है.

जब भी किसी मौसमी बीमारी का प्रकोप फैले घर में सुबह शाम हर कमरें में प्याज काट कर रख दें बाद में उसे फैंक दें सुरक्षित बने रहेंगें.

*प्याज के संबध में महत्वपूर्ण जानकारी.*

सन 1919 में फ्लू से चार करोड़ लोग मारे जा चुके थे, तब एक डॉक्टर कई किसानों से उनके घर इस प्रत्याशा में मिला कि वो कैसे इन किसानों को इस महामारी से लड़ने में सहायता कर सकता है. बहुत सारे किसान इस फ्लू से ग्रसित थे और उनमें से बहुत से मारे जा चुके थे.

डॉक्टर जब इनमें से एक किसान के संपर्क में आया तो उसे ये जान कर बहुत आश्चर्य हुआ, कि सारे गाँव के फ्लू से ग्रसित होने के बावजूद ये किसान परिवार बिलकुल स्वस्थ्य था.तब डॉक्टर को ये जानने की इच्छा जागी कि ऐसा इस किसान के परिवार ने सारे गाँव से हटकर क्या किया कि वो *इस भंयकर महामारी में भी स्वस्थ्य थे.* तब किसान की पत्नी ने उन्हें बताया कि उसने अपने मकान के दोनों कमरों में एक प्लेट में  छिली हुई प्याज रख दी थी तब डॉक्टर ने प्लेट में रखी इन प्याज को माइक्रोस्कोप से देखा तो उसे इस प्याज में उस घातक फ्लू के बैक्टेरिया मिले जो संभवतया इन प्याज द्वारा अवशोषित कर लिए गए थे और शायद यही कारण था कि इतनी बड़ी महामारी में ये परिवार बिलकुल स्वस्थ्य था, क्योंकि *फ्लू के वायरस इन प्याज द्वारा सोख लिए गए थे.*

जब मैंने अपने एक मित्र जो अमेरिका में रहते थे और मुझे हमेशा स्वास्थ्य संबधी मुद्दों पर  बेहद ज्ञानवर्धक जानकारी भेजते रहते हैं, तब उन्होंने प्याज के संबध में बेहद महत्वपूर्ण जानकारी/ अनुभव मुझे भेजा.उनकी इस बेहद रोचक कहानी के लिए धन्यवाद.

*जब मैं न्यूमोनिया से ग्रसित था और कहने की आवश्यकता नहीं थी कि मैं बहुत कमज़ोर महसूस कर रहा था तब मैंने एक लेख पढ़ा था जिसमें ये बताया गया था कि प्याज को बीच से काटकर रात में न्यूमोनिया से ग्रस्त मरीज़ के कमरे में एक जार में रख दिया गया था और सुबह यह देख कर बेहद आश्चर्य हुआ कि प्याज सुबह कीटाणुओं की वज़ह से  बिलकुल काली हो गई थी*

*तब मैंने भी अपने कमरे में वैसे ही किया और देखा अगले दिन प्याज बिलकुल काली होकर खराब हो चुकी थी और मैं काफी स्वस्थ्य महसूस कर रहा था.*

कई बार हम पेट की बीमारी से दो चार होते है तब हम इस बात से अनजान रहते है कि इस बीमारी के लिए किसे दोषी ठहराया जाए. तब नि :संदेह प्याज को इस बीमारी के लिए दोषी ठहराया जा सकता है.

*प्याज बैक्टेरिया को अवशोषित कर लेती है यही कारण है कि अपने इस गुण के कारण प्याज हमें ठण्ड और फ्लू से बचाती है.*

*अत: वे प्याज बिलकुल नहीं खाना चाहिए जो बहुत देर पहले काटी गई हो और प्लेट में रखी गई हों. ये जान लें कि ... काट कर रखी गई प्याज बहुत विषाक्त होती हैं.*

जब कभी भी फ़ूड पॉइसनिंग के केस अस्पताल में आते हैं तो सबसे पहले इस बात की जानकारी ली जाती कि मरीज़ ने अंतिम बार प्याज कब खाई थी. और वे प्याज कहाँ से आई थीं ।(खासकर सलाद में )

*प्याज बैक्टेरिया के लिए चुंबक की तरह काम करती हैं खासकर कच्ची प्याज*

*आप कभी भी थोड़ी सी भी कटी हुई प्याज को देर तक रखने की गलती न करे ये बेहद खतरनाक हैं. यहाँ तक कि किसी बंद थैली में इसे रेफ्रिजरेटर में रखना भी सुरक्षित नहीं है.*

प्याज ज़रा सी काट देने पर ये बैक्टेरिया से ग्रसित हो सकती है और आपके लिए खतरनाक हो सकती है. यदि आप कटी हुई प्याज को सब्ज़ी बनाने के लिए उपयोग कर रहें हो, तब तो ये ठीक है, लेकिन यदि आप कटी हुई प्याज अपनी ब्रेड पर रख कर खा रहें है तो ये बेहद खतरनाक है।

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